गर्भवती महिलाओं के लिए अमृत है आंवला, बेबी को भी होगा फायदा

नई द‍िल्‍ली: आयुर्वेद‍ में आंवला एक गुणकारी फल माना गया है। इसका सेवन कई रोगों से बचाने वाला बताया जाता है। वहीं वजन कम करने में भी आंवला सहायक है। साथ ही गर्भवती महिलाओं के लिए आंवले के कई फायदे बताए गए हैं। इसे इंडियन गूसबैरी भी कहते हैं।

प्रेग्‍नेंट लेडी को वैसे भी अपनी डाइट का ख्‍याल रखना चाहिए। दरअसल इस दौरान कई छोटी बातों को नजरअंदाज करना होने वाले बेबी को नुकसान पहुंचा सकता है। आने वाले नन्‍हे मेहमान की अच्‍छी हेल्‍थ के लिए जरूरी है कि होने वाली मां के खाने-पीने में अच्‍छी चीजें शामिल हों और आंवला भी इन्‍हीं में से एक है। हालांकि इसके बारे में एक बार डॉक्‍टर से जरूर परामर्श लेना चाहिए।

यहां जानें क्‍यों गर्भवती महिला को आंवला खाने की सलाह दी जाती है – 

1. विटामिन्स का है पावरहाउस
आंवले के बारे में सब जानते हैं कि यह विटामिन सी से भरपूर है और यह आयरन का स्‍तर शरीर में सही बनाता है। अगर गर्भावस्था में आंवले का सेवन किया जाए तो इस दौरान शरीर को जरूरत के मुताबिक आयरन कंज्यूम करने को मिलता है। इससे हिमोग्लोबिन का लेवल भी मेंटेन रहता है।

2. एनीमिया में है लाभदायक
आंवला खून में हीमोग्लोबिन के स्तर को भी बनाए रखता है। इतना ही नहीं गर्भावस्था के आखिरी तीन महिनों में हाथों और पैरों में आने वाली सूजन में आंवले में पाए जाने वाले गुणों के कारण बहुत हद तक राहत मिलती है।

3. ऑक्‍सीजन फ्लो करता है ठीक 
गर्भावस्था में भले ही कई चीजों को खाने से मना किया जाता है लेकिन आंवला के साथ ऐसा नहीं है। इसके सेवन से खून साफ होता है और साथ ही गर्भ में पल रहे बच्‍चे तक खून और ऑक्‍स‍िजन आराम से पहुंचता है।

4. बढ़ाता है प्रतिरोधक क्षमता 
अपने गुणों के कारण आंवला शरीर की इम्‍यूनिटी दुरुस्‍त करता है। आंवले में विटामिन सी के चलते इंफेक्शन से बेहतर सुरक्षा मिलती है। द‍िन में एक कच्‍चा आंवला ही शरीर को सुरक्षा देने के लिए पर्याप्‍त है।

5. कब्ज से दिलाता है राहत
फाइबर्स से भरपूर होने की वजह से आंवला कब्ज में आराम देता पहुंचाता है। साथ ही यह ब्‍लड प्रेशर यानी BP को भी मेंटेन रखता है। इसके अलावा प्रेगनेंसी की पहले तीन महीनों में मॉर्निंग सिकनेस में भी आंवला आराम देता है।

लेकिन रखें इन बातों का ध्‍यान 
हालांकि आंवला एक गुणों का भंडार है, लेकिन यह फायदेमंद तभी है जब इसे सही मात्रा में आवश्यकता अनुसार खाया जाए। इसे ज्‍यादा खाने से कब्ज, डायरिया और शरीर में पानी कम होने की शिकायत हो सकती है। साथ ही साथ इससे त्वचा भी रूखी हो सकती है।

कब नहीं खाना चाह‍िए आंवला
सर्दी-जुकाम और कफ होने पर आंवला के सेवन से बचना चाहिए। साथ ही साथ आंवले में लेक्सीटिव गुण भी होते है, इसलिए डायरिया में इसे भूलकर भी नहीं खाना चाहिए।

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