वेबिनार के माध्यम से सतर्कता समिति के प्रतिभागी सदस्यों को खाद्य मंत्री श्री सिंह ने किया संबोधित

    0
    118
    वेबिनार के माध्यम से सतर्कता समिति के प्रतिभागी सदस्यों को खाद्य मंत्री श्री सिंह ने किया संबोधित

    [ad_1]


    वेबिनार के माध्यम से सतर्कता समिति के प्रतिभागी सदस्यों को खाद्य मंत्री श्री सिंह ने किया संबोधित


    3 लाख 20 हजार प्रतिभागियों ने लिया ऑनलाइन प्रशिक्षण
    राशन की दुकानों के माध्यम से 5 करोड़ लोगों से प्रतिमाह सीधा सम्पर्क
     


    भोपाल : शुक्रवार, दिसम्बर 18, 2020, 18:04 IST

    खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री श्री बिसाहूलाल सिंह ने अनूपपुर से प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में शासकीय उचित मूल्य दुकानों के लिये गठित सतर्कता समितियों के 3 लाख 20 हजार प्रतिभागियों को संबोधित किया। उन्होंने वेबिनार के माध्यम से कहा कि नागरिकों को उनके खाद्य की सुरक्षा के लिये राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम जुलाई 2013 में लागू किया गया था।

    मंत्री श्री सिंह ने प्रतिभागियों से कहा कि आप लोग अपने कर्त्तव्यों के प्रति पहले से ही समर्पित एवं दक्ष हैं परंतु हीरे को जितना तराशा जाये उसकी चमक उतनी ही बढ़ती है। यह प्रशिक्षण आपके व्यक्तित्व एवं काम में और अधिक निखार लायेगा।

    3 लाख 20 हजार निगरानी सदस्यों ने लिया प्रशिक्षण

    मंत्री श्री सिंह ने बताया कि इस प्रशिक्षण में प्रदेश की 22 हजार 824 पंचायतों ने भाग लिया। प्रत्येक निगरानी समिति के लगभग 12 से 14 सदस्य शामिल हुए। इस तरह लगभग 3 लाख 20 हजार प्रशिक्षणार्थियों ने इसमें एक साथ अपने-अपने क्षेत्र में रहकर भाग लिया। इनमें उचित मूल्य दुकान मुख्यालय की पंचायत स्तर पर गठित सतर्कता समिति के अध्यक्ष, सह-अध्यक्ष (दुकान में एक से ज्यादा पंचायत होने पर), पंचायत सचिव, सदस्य सचिव एवं अन्य पात्रता पर्चीधारी सदस्यगण ने भाग लिया। इसके साथ ही इस प्रशिक्षण में सतर्कता समिति के साथ संबंधित 20 हजार 859 उचित मूल्य दुकान विक्रेता भी प्रशिक्षण में शामिल हुए।

    राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम-2013

    प्रमुख सचिव खाद्य श्री फैज अहमद किदवई ने कहा कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम का उद्देश्य जनसाधारण को गरिमामय जीवन व्यतीत करने के लिये सस्ती कीमत पर पर्याप्त मात्रा में गुणवत्तापूर्ण खाद्यान्न उपलब्ध कराना है। जिससे उन्हें खाद्य एवं पोषण संबंधी सुरक्षा प्रदान की जा सके।

    उन्होंने कहा कि उचित मूल्य की दुकानों द्वारा दिये जाने वाले खाद्यान्न का वितरण एवं गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिये निगरानी समितियों का गठन किया गया है। ये समितियाँ राज्य, जिला एवं विकासखंड स्तर पर उचित मूल्य दुकान पर गठित हैं। इस प्रशिक्षण में इन सदस्यों को सार्वजनिक वितरण प्रणाली, मध्यान्ह भोजन, पूरक पोषण आहार, मातृत्व लाभ एवं कुपोषण हटाने वाली योजनाओं की जानकारी भी दी जायेगी।

    लक्षित सार्वजनिक वितरण प्रणाली

    संचालक खाद्य श्री तरूण पिथौड़े ने बताया कि सतर्कता समिति के सदस्यों को पात्रता पर्ची की सूची को अपडेट करना, विगत तीन माह से पर्ची का उपयोग नहीं करने वाले विक्रेता द्वारा खाद्यान्न देने से मना करने, निराश्रित अथवा ऐसे अत्यन्त गरीबों जो राशन नहीं ले रहे हैं एवं दुकान पर समितियों के सदस्यों की जानकारी, दर्ज शिकायतों का विवरण एवं वितरण व्यवस्था को सुनिश्चित करना होगी।

    मध्यान्ह भोजन एवं आँगनबाड़ी

    उन्होंने बताया कि निगरानी समिति के सदस्य मध्यान्ह भोजन का स्कूल में वितरण, भोजन का सेम्पल 24 घंटे सुरक्षित रखने, पेयजल एवं बर्तन, रसोई यथोचित स्थान पर एवं मैन्यु के अनुसार भोजन तैयार करने संबंधी व्यवस्थाएँ सुनिश्चित करेंगे। आँगनबाड़ी समय पर खुलने एवं बंद होने, गर्भवती माताओं एवं बच्चों को पोषण आहार, नाश्ते एवं भोजन मैन्यु अनुसार हो, इसका दायित्व भी देखेंगे।


    मुकेश दुबे

    [ad_2]

    Source link

    Share and Enjoy !

    0Shares
    0 0

    Close